Ishq me Lazabaab Hai Hum Log

इश्क़ में लाजवाब हैं हम लोग
माहताब आफ़ताब हैं हम लोग

गर्चे अहल-ए-शराब हैं हम लोग
ये न समझो ख़राब हैं हम लोग

शाम से आ गये जो पीने पर
सुबह तक आफ़ताब हैं हम लोग

नाज़ करती है ख़ाना-वीरानी
ऐसे ख़ाना- ख़राब हैं हम लोग

तू हमारा जवाब है तनहा
और तेरा जवाब हैं हम लोग

ख़ूब हम जानते हैं क़द्र अपनी
कितने नाकामयाब हैं हम लोग

हर हक़ीक़त से जो गुज़र जायेँ
वो सदाक़त-म’आब हैं हम लोग

जब मिली आँख होश खो बैठे
कितने हाज़िर-जवाब हैं हम लोग

Read More...

Kaha se badke pauche h kaha tak eilm-o-fun saki

कहाँ से बढ़कर पहुँचे हैं कहाँ तक इल्म-ओ-फ़न साक़ी
मगर आसूदा इनसाँ का न तन साक़ी न मन साक़ी

ये सुनता हूँ कि प्यासी है बहुत ख़ाक-ए-वतन साक़ी
ख़ुदा हाफ़िज़ चला मैं बाँधकर सर से कफ़न साक़ी

सलामत तू तेरा मयख़ाना तेरी अंजुमन साक़ी
मुझे करनी है अब कुछ खि़दमत-ए-दार-ओ-रसन साक़ी

रग-ओ-पै में कभी सेहबा ही सेहबा रक़्स करती थी
मगर अब ज़िन्दगी ही ज़िन्दगी है मोजज़न साक़ी

न ला विश्वास दिल में जो हैं तेरे देखने वाले
सरे मक़तल भी देखेंगे चमन अन्दर चमन साक़ी

तेरे जोशे रक़ाबत का तक़ाज़ा कुछ भी हो लेकिन
मुझे लाज़िम नहीं है तर्क-ए-मनसब दफ़अतन साक़ी

अभी नाक़िस है मयआर-ए-जुनु, तनज़ीम-ए-मयख़ाना
अभी नामोतबर है तेरे मसतों का चलन साक़ी

वही इनसाँ जिसे सरताज-ए-मख़लूक़ात होना था
वही अब सी रहा है अपनी अज़मत का कफ़न साक़ी

लिबास-ए-हुर्रियत के उड़ रहे हैं हर तरफ़ पुरज़े
लिबास-ए-आदमीयत है शिकन अन्दर शिकन साक़ी

मुझे डर है कि इस नापाकतर दौर-ए-सियासत में
बिगड़ जाएँ न खुद मेरा मज़ाक़-ए-शेर-ओ-फ़न साक़ी

Read More...

Sunahra Saal Gaya

Sad Birthday Shayari in Hindi

Kuchh Ḳhushiyan Kuchh Aansu De Kar Taal Gaya,
Jivan Ka Ik Aur Sunahra Saal Gaya.

कुछ खुशियाँ कुछ आँसू दे कर टाल गया,
जीवन का इक और सुनेहरा साल गया।

Maa Ki Dua Na Baap Ki Shafqat Ka Saaya Hai,
Aaj Apne Saath Apna Janam Din Manaya Hai.

माँ कि दुआ न बाप की शफकत का साया है,
आज अपने साथ अपना जन्मदिन मनाया है।

Main Takiye Par Sitare Bo Raha Huun,
Janam-Din Hai Akela Ro Raha Hun.

मै तकिये पर सितारे बो रहा हूँ,
जनम-दिन है अकेला रो रहा हूँ।

Read More...